बक्सर (Buxar) जिले के कृष्णाब्रह्म थाना क्षेत्र के सोवा गांव में महिलाओं के साथ छेड़खानी और फब्तियां कसने का विरोध करना एक परिवार को भारी पड़ गया। विरोध करने पर दबंगों ने लाठी-डंडों से लैस होकर शिकायतकर्ता और उनके साथियों पर जानलेवा हमला कर दिया और पथराव किया। इस मामले में कोर्ट के आदेश पर कृष्णाब्रह्म थाने में 26 नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR No. 129/26) दर्ज की गई है।

जानिए क्या है पूरा मामला?
पीड़ित लालबाबू महतो ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया है कि घटना 8 नवंबर 2025 की है। शाम करीब 5:30 बजे मोहल्ले की लड़कियां शौच के लिए जा रही थीं, तभी गांव के ही कुछ युवकों ने उन पर गलत इशारे किए और अभद्र भाषा का प्रयोग किया। जब इसकी जानकारी परिजनों को मिली, तो वे शाम को लगभग 6:30 बजे शिकायत करने आरोपी पक्ष के दरवाजे पर गए।
शिकायत करने पर हुआ हमला
इस दौरान आरोपी पक्ष के लोगों ने एकजुट होकर गाली-गलौज शुरू कर दी और अचानक उन पर टूट पड़े। मारपीट के दौरान अशोक कुमार के सिर पर डंडे से प्रहार किया गया, जिससे उनका सिर फूट गया। वहीं, करन पासवान ने डंडे से प्रहार कर अशोक के दाहिने हाथ में चोट पहुंचाई। इसके अलावा अन्य लोगों ने भी लाठी-डंडों से पीठ और कंधों पर गंभीर वार किए। मारपीट के बाद आरोपियों ने ईंट-पत्थर भी चलाए, जिसमें कई लोग घायल हो गए।

पंचायत ने सुलह का दिया था झांसा
पीड़ित का आरोप है कि घटना के बाद गांव के मुखिया ने केस दर्ज न करने की सलाह दी और सुलह कराने का झांसा दिया, जिस कारण आवेदन देने में देरी हुई। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि जब उन्होंने थाने में शिकायत करने की कोशिश की, तो पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज नहीं की। इसके बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक को स्पीड पोस्ट के माध्यम से आवेदन भेजा, लेकिन वहां से भी कार्रवाई न होने पर उन्होंने न्यायालय की शरण ली।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद बक्सर (Buxar) कृष्णाब्रह्म पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 126, 115(2), 74, 74(घ), और 75(IV) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है। नामजद आरोपियों में कृष्णा पासवान, करन पासवान, शिवकुमार पासवान, इन्द्रजीत पासवान, मिलन पासवान, धनजी पासवान समेत कुल 26 लोग शामिल हैं। इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई थाना अध्यक्ष रवि कुमार के नेतृत्व में की जा रही है।


